Bathing tips in Hindi for relaxed bathing – नहाने के महत्वपूर्ण टिप्स आरामदायक स्नान के लिए

पानी की मदद से उपचार के अंतर्गत सारे शरीर को पानी में डुबोकर रखा जाता है। यह काफी आरामदायक प्रक्रिया होती है और आपको स्वस्थ रहने में भी काफी मदद करती है। हर तरह की संस्कृति में स्नान का एक अलग स्थान और महत्त्व है। उदाहरण के तौर पर आयुर्वेदिक स्नान बीमार लोगों के लिए और खनिज पदार्थों से स्नान शरीर के विषैले तत्व निकालने के लिए होता है। स्नान का सम्बन्ध पवित्रता और सौभाग्य से भी माना जाता है।

नहाना का मतलब सिर्फ बाथ टब में बैठना नहीं बल्कि इससे कहीं ज्यादा होता है। नहाने के लिए बाथ टब का प्रयोग एक बेहतर विकल्प होता है जो न सिर्फ शरीर को साफ़ करता है बल्कि दिमाग को तरोताजा बनाये रखता है। खुद को स्वच्छ रखने के लिए रोज नहाना अत्यावश्यक है।

सुबह जल्दी नहाना जहाँ आपको पूरे दिन के लिए तैयार करता है वही शाम या रात को नहाने से दिन भर की धूल और पसीना दूर होता है और आप सारी थकान को भूल कर तरोताजा महसूस करते हैं, साथ ही नींद भी अच्छी आती है। पूरी दुनिया में नहाने के बहुत सारे तरीके हैं जैसे व्यक्तिगत बाथ, सामान्य पब्लिक बाथ, टर्किश बाथिंग, स्विमिंग बाथिंग, सौना शावर बाथिंग, हॉट बाथिंग, कोल्ड बाथिंग आदि। अब लक्जुरीयस बाथिंग का चलन भी बड़ा है।

बाथरूम में सम्पूर्ण प्रबंधन के साथ साथ अन्य मनोरंजक चीजों का प्रयोग होने से अब नहाना सिर्फ नहाना न होकर रिलैक्सिंग और मनोरंजन का स्त्रोत भी बन चुका है जो लक्ज़री का अहसास कराता है। हम आपके लिए लेकर आये हैं ऐसे ही कुछ टिप्स जो आपके नहाने के तरीके को बना देंगे मनोरंजक और लक्ज़री।

नहाने का तरीका और नहाने के टिप्स (Bathing tips or nahane ke tips)

बॉडी पोलिश के फायदे

  • नहाने का सही तरीका, सबसे पहले अपने लिए अच्छा बाथरूम और टॉयलेट बनवाएं।
  • अपने बाथ रूम का आंतरिक वातावरण शांतिपूर्ण और स्वच्छ रखें।
  • नहाने का सही तरीका, भीनी भीनी सुगन्धित मोमबत्तियां बाथरूम में जलाएं और साथ ही हल्का संगीत भी बजने दें।
  • एक बाथरूम के तकिये का इंतज़ाम करें जिस पर आप आराम से अपने सर को रख कर लेट सकें।
  • उस वक्त अपने सारे फ़ोन बंद रखें और साथ ही सारे उपकरण भी बंद रखें जो आपको डिस्टर्ब कर सकते हों।
  • अपने बाथ टब को हल्के गुनगुने पानी से भरें यह आपको आराम देगा।
  • नहाने का तरीका, बाथ टब के पानी में उपयोग होने वाला नमक और अन्य सुगन्धित तेल मिलाएं।
  • रात को टब में 15 से 20 मिनिट अपने शरीर को डुबो कर आँख बंद कर के लेट जाएँ, यह आपके शरीर और दिमाग को आराम देगा।
  • खुशबूदार साबुन लगायें और किसी कोमल कपड़े से खुद को साफ़ करें।
  • नहाने का सही तरीका (nahane ke sahi tarike), गोल गोल आकार में अपने शरीर की अच्छी तरह से मालिश करें।
  • अब स्वच्छ और साधारण पानी से पूरे शरीर को धो लें।
  • सूखे तौलिये का इस्तेमाल करें और इससे अपने शरीर को लपेटकर रखें।
  • अच्छी तरह से सूख जाने के बाद अपनी पसंद का मॉइस्चराइजर इस्तेमाल करें जो त्वचा को चिकनाहट दे।

स्नान के लाभ (Benefits of bathing)

  • गर्म पानी की मदद से अच्छे से स्नान करने पर मांसपेशियों को आराम मिलता है, मरोड़ें उठने बंद होते हैं तथा तनाव की वजह से सिर में हो रहा दर्द भी काफी हद तक कम हो जाता है।
  • नहाने की प्रक्रिया से शरीर के स्नायुओं को काफी आराम मिलता है और रक्त के संचार में भी वृद्धि होती है।
  • आरामदायक स्नान की मदद से सूजन, मांसपेशियों में दर्द, मासिक धर्म की मरोड़ों तथा गठिये के दर्द जैसी कई समस्याओं के क्षेत्र में काफी आराम प्राप्त होता है।
  • रात को गर्म पानी से अच्छे से स्नान करने से शरीर और मस्तिष्क को आराम प्राप्त होता है, जिससे काफी अच्छी नींद आती है।

शरीर की देखभाल के लिए घरेलू नमक के स्क्रब्स

आरामदायक स्नान के नुस्खे (Bathing tips for relaxed bathing)

  • सुगन्धित स्नान के तेलों जैसे जैस्मिन, लैवेंडर (jasmine, lavender) और गुलाब का प्रयोग नहाने के पानी में करें। ये आपके शरीर और मस्तिष्क को काफी तेज़ी से आरामदायक स्थिति में ले जाने में सक्षम होते हैं।
  • स्नान के समय बॉडी स्क्रब (body scrub) का प्रयोग करने से शरीर की कठोर और रूखी कोशिकाएं निकल जाती हैं और त्वचा नर्म और मुलायम हो जाती है।
  • अधिक आराम प्राप्त करने के लिए अपनी आँखें बंद करें और खीरे के टुकड़े, बर्फ के पैड्स (pads) या ठंडी कैमोमाइल (chamomile) की चाय में डुबोये हुए आई पैड्स (eye pads) का इनपर प्रयोग करें।
  • स्नान के नमक आपकी मांसपेशियों को बाहर से राहत प्रदान करते हैं। ये नमक सूजन, दर्द तथा मांसपेशियों की अकड़न को भी दूर कर देते हैं। ये नमक त्वचा से विषैले पदार्थों को दूर करते हैं तथा मांसपेशियों में रक्त के संचार में वृद्धि करते हैं।
  • संगीत सुनने से भी आपके मन को काफी राहत मिलती है। संगीत आधारित व्यायाम से व्यक्ति किसी और ही दुनिया में पहुँच जाता है।
  • रूखी और खुजलीदार त्वचा को ठीक करने के लिए नहाने के पानी में सोडा (soda) मिश्रित कर दें। यह विधि खासकर सर्दियों के मौसम में अवश्य अपनाएं।
  • त्वचा के रैशेस (rashes) और पॉइज़न आइवी (poison ivy) से छुटकारा प्राप्त करने के लिए ओटमील (oatmeal) का अपने नहाने के पानी में मिश्रण करें।
  • अगर आपको सर्दी खांसी और साइनस (sinus) से जुड़ी कोई समस्या है तो नहाने के पानी में युकलिप्टुस के तेल (eucalyptus oi) की कुछ बूँदों का मिश्रण करें।
  • कीचड़ से स्नान करना (mud bath) भी शरीर को विष मुक्त करने के लिए काफी लाभदायक साबित होता है।

कुछ ख़ास प्रकार के राहत देने वाले स्नान (Special relaxing and rejuvenating baths)

दूध और शहद का स्नान (Milk and honey bath)

शरीर की देखभाल और त्वचा की देखभाल के लिए उपयोग

क्लियोपैट्रा (cleopatra) का शाही स्नान आज के दौर में दूध और शहद के स्नान के  रूप में जाना जाता है। यह त्वचा को नरम और मुलायम बनाता है। शहद त्वचा को नरम और नमीयुक्त बना देता है और दूध त्वचा की मृत कोशिकाओं को दूर करने में सहायता करता है। इस स्नान के लिए तैयार होने के लिए 2 कप मलाईदार दूध और आधा कप शहद को एक टब गर्म चल रहे पानी में मिश्रित करें। अब टब में बैठें और अपनी त्वचा को एक सूखे ब्रश (brush) की मदद से गोलाकार मुद्रा में स्क्रब करें।

शैम्पेन या रेड वाइन से स्नान (Champagne or Red wine bath)

यह हर प्रकार की त्वचा के लिए काफी प्रभावी स्नान माना जाता है। यह निश्चित रूप से काफी महँगा स्नान है, परन्तु महीन रेखाओं को हटाने तथा उम्र बढ़ने की वजह से त्वचा का रंग फीका पड़ने की समस्याओं को दूर करने में यह काफी अहम भूमिका निभाता है। शैम्पेन और रेड वाइन त्वचा के रोमछिद्रों (pores) की भी सफाई करते हैं। एक गिलास वाइन या शैम्पेन को नहाने के पानी में मिश्रित करें और इस पानी से भरे टब में 20 मिनट तक बैठकर खुद को राहत प्रदान करें।

एप्सम नमक (Epsom salt se nahane ke sahi tarike)

नहाने के पानी में एप्सम नमक का प्रयोग आपके शरीर को पूरी तरह राहत प्रदान करता है। ऐसा पाया गया है कि एप्सम नमक का स्नान के पानी में प्रयोग करने से शरीर में काफी मात्रा में मैग्नीशियम (magnesium) का संचार होता है। मैग्नीशियम काफी प्रभावी कारक है, जो आपकी त्वचा को राहत प्रदान करता है, दर्दभरी मांसपेशियों की मरम्मत करता है और त्वचा के कटने और छिलने को ठीक करता है। बाथ टब में एप्सम नमक के साथ थोड़ा सा एसेंशियल ऑइल (essential oil) मिश्रित करें और शरीर में नयी जान की सृष्टि करें।

आयुर्वेदिक स्नान (Herbal Bath)

आप इसके लिए कई प्रकार की जड़ीबूटियों का प्रयोग कर सकते हैं और एसेंशियल ऑयल्स का इस्तेमाल अपनी इच्छानुसार कर सकते हैं। इन सबमें त्वचा का मरम्मत करने और इसे राहत प्रदान करने की क्षमता होती है। कुछ प्रसिद्ध आयुर्वेदिक स्नान हैं : –

महिलाओं के लिए शरीर की देखभाल के नुस्खे

  • सेज (sage) में शरीर और मस्तिष्क को स्फूर्ति प्रदान करने और ठंडा रखने के गुण होते हैं।
  • रोज़मेरी (rosemary) दिमाग को तेज़ बनाता है एवं काफी अच्छा एस्ट्रिंजेंट (astringent) और शुद्धिकरण का कारक होता है।
  • पुदीना त्वचा को साफ़ करता है और मस्तिष्क एवं शरीर को राहत भी प्रदान करता है।
  • ग्रीन टी (green tea) में शरीर को शक्ति देने और मूड (mood) में सुधार लाने के गुण होते हैं।

ओटमील से स्नान (Oatmeal baths)

ये स्नान उन लोगों के लिए काफी फायदेमंद होता है जो सनबर्न (sun burn), रूखी त्वचा, तैलीय त्वचा, एक्जिमा (eczema) और रैशेस से पीड़ित होते हैं। इस स्नान के अंतर्गत एक मोज़े को ओटमील से भरा जाता है और नहाने के टब में डुबोकर निचोड़ा जाता है। इसके बाद टब में बैठकर ही इस गीले मोज़े से अपने शरीर को रगड़ें।