Eyebrow tinting tips in Hindi – भौंहों को रंगना क्या है? भौंहों को रंगने के आसान तरीके

भौंहों को रंगना या टिंटिंग उस प्रक्रिया को कहते हैं जिसके अंतर्गत भौंहों को सुन्दर बनाने के लिए उन्हें काँटा छांटा या रंगा जाता है। यह एक ख़ास शेड या विभिन्न प्रकार के शेड द्वारा किया जाता है। भौंहों को रंगने से त्वचा के अन्य गुण उभरकर सामने आते हैं।

यह क्रिया अल्पकालीन होती है और इसे रोज़ कराया जा सकता है या फिर सैलून में टिंटिंग करवाकर इसे लम्बे समय तक रखा जा सकता है। हर रोज़ भौंहों को पाउडर और पेंसिल से रंगने की बजाय दीर्घकालीन पद्दति ज़्यादा उचित है। ये आपको रोज़ रोज़ की मेहनत से छुटकारा दिलाते हैं और काफी प्राकृतिक दिखते हैं।

आइब्रो डाई या भौंहें रंगने के प्रकार (Types of Eyebrow Tints)

दो तरह की टिंटिंग होती है। दोनों के कुछ अच्छे तो कुछ बुरे परिणाम होते हैं। आपको अपनी पसंद और ज़रुरत के हिसाब से अपना चुनाव करना चाहिए।

  • अल्पकालीन भौंहों की टिंटिंग – यह प्रक्रिया रोज़ाना आई मेकअप, आई शैडो, मस्कारा या आई लाइनर द्वारा की जाती है। ये रंग जेल या तरल पदार्थ के रूप में विभिन्न रंगों में पाए जाते हैं। ये आपको एक शानदार लुक देते हैं। इन्हें एक एप्लीकेटर की सहायता से लगाया जाता है और सोने से पहले एक मेकअप रिमूवर द्वारा आसानी से हटा दिया जाता है।
  • आधी दीर्घकालीन टिंटिंग – यह उन लोगों के लिए अच्छा है जिन्हें अल्पकालीन टिंटिंग नहीं आती और जो कुछ ऐसा चाहते हैं जो कि लंबा चले। ये टिंटिंग बहुत समय तक रहती है और धीरे धीरे मिटती है। यह घर पर किया तो जा सकता है पर इसे अनुभवी लोगों द्वारा कराया जाना ज़्यादा अच्छा होता है।

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भौंहों के रंग चुनने के तरीके (Ways to Choose Eyebrow Tints)

  • कई चीज़ों का ध्यान रखते हुए भौंहों के रंग का चुनाव करना पड़ता है जो कि त्वचा के अन्य गुणों और बालों के साथ सही लगे।
  • भौंहों को डाई करना, ऐसा रंग चुनें जो कि बालों के रंग से थोड़ा हल्का हो। असली भौंहों के रंग से मेल खाने के लिए बालों के रंग से भौंहों का रंग हल्का होना आवश्यक है।
  • गहरे काले बालों वाले लोगों को गहरे भौंहों के रंग (eyebrows ko dye karna) चुनने चाहिए और हलके रंग के बाल वालों को हलके शेड के रंग। गलत चुनाव आपका लुक बिगाड़ सकता है।
  • सुनहरे बालों वाली महिलाओं को ज़्यादा गहरे भौंहों के रंग इस्तेमाल नहीं करने चाहिए क्योंकि इससे बहुत ज़्यादा भेदभाव पैदा होगा।
  • आपको पहले ही सोच लेना चाहिए कि आपको दीर्घकालीन भौंहों के रंग पसंद हैं या अल्पकालीन।

अर्ध दीर्घकालीन भौंहों के रंग लगाने के कदम (Steps for semi-permanent eyebrow tints – bhohein ko rangna)

  • भौंहों को टिंट करना, भौंहों को रंगने के एक दिन पहले उनकी काट छांट कर लें। आप इसके लिए वैक्सिंग, ट्वीज़िंग, ट्रीमिंग या थ्रेडिंग का प्रयोग कर सकते हैं।
  • चेहरे को गुनगुने पानी से धोएं और एक हल्का क्लीन्ज़र लगाएं। भौंहों को सुखाने के लिए नरम कपडे का इस्तेमाल करें।
  • अलग अलग कम्पनियाँ भौंहों को रंगने के अलग तरीके बताती हैं। किट पर दिए गए सुझावों का पालन करें।
  • आँखों के पास एक सूती कपडे की मदद से पेट्रोलियम जेली लगाएं पर भौंहों पर नहीं। ये पतली परत अतिरिक्त रंग हटाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है।
  • भौंहों को डाई करना, ब्रो ब्रश या एप्लीकेटर की मदद से आँखों के भीतर से बाहर की तरफ भौंहों को रंगें।
  • रंग को भौंहों पर कुछ देर सेट होने दें।
  • एक सूती कपडे की मदद से भौंहों के पास जमा अतिरिक्त रंग हटाएं।
  • अंत में चेहरे को एक हलके फेसिअल क्लीन्ज़र से साफ़ करें और थोड़ा मॉइस्चराइज़र लगाएं।

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भौंहों को रंगने के खतरे एवं सावधानियां (Side effects, danger and risks of eyebrow tints and precautions)

  • इस प्रक्रिया के बाद के आम साइड इफेक्ट्स होते हैं त्वचा का जलना, भौंहों के पास की कोशिकाओं में जलन तथा रैशेस। कुछ को सूजन,जलन और कुछ असामान्य दशाओं में अंधापन तक हो सकता है।
  • इसके साइड इफेक्ट्स हर व्यक्ति में अलग अलग होते हैं। इसके लिए एलर्जी टेस्ट देना सही होता है जिसके अंतर्गत आपको अपने गले या हाथों पर थोड़ा सा रंग लगाकर 24 घंटे तक निगरानी करनी होती है।
  • फलों और सब्ज़ियों पर आधारित रंगों का उपयोग करके इन साइड इफेक्ट्स से काफी हद तक बचा जा सकता है।
  • सैलून में करने पर किसी खतरे की संभावना कम होती है क्योकि वहाँ अनुभवी लोग इस प्रक्रिया को अंजाम देते हैं।
  • इस प्रक्रिया के बाद आँखों को साफ़ रखने के लिए आई ड्रॉप्स या सलाइन वाटर का इस्तेमाल फायदेमंद होता है।