What are semi permanent eyebrows in hindi? How to get them – अस्थायी भौंहें तथा उन्हें पाने के तरीके

भौंहें / आई ब्रो  आपके चेहरे का एक मुख्य भाग होते हैं तथा इसके बिना चेहरा अधूरा सा लगता है। अगर आपके चेहरे पर भौंहें नहीं होंगी, तो सिर से निकला पसीना सीधे आँखों के अंदर चला जाएगा। परन्तु भौंहें आँखों के अंदर पसीना जाने से रोक लेती है। भौंहें / आई ब्रो मर्द और औरतों के चेहरे का काफी अहम अंग है।

अस्थायी भौंहें भौंहों की सुंदरता बढ़ाने की एक विधि हैं जो कि प्रसिद्द लोगों द्वारा प्रयोग में लायी जाती हैं। आप इस तकनीक की मदद से प्राकृतिक दिखने वाली भौंहें पा सकते हैं। पर ये प्रयोग किसी अनुभवी व्यक्ति से ही करवाएं, अन्यथा आप अपनी भौंहों से हाथ भी धो सकते हैं।

अस्थायी भौंहें पाने के नुस्खे (Ways of getting semi permanent eyebrows)

भौंहों का आकार हर साल तकनीक में परिवर्तन तथा बाज़ार में प्रचलित स्टाइल के साथ बदल जाता है। भौंहें आपकी प्रतिक्रिया तथा भावनाओं को अच्छे से दर्शाती हैं। एक बार आपकी भौंहें सही प्रकार से बन जाए तो दुःख, ख़ुशी तथा चौंकने की प्रतिक्रिया दिखाना काफी आसान रहता है। आप भौंहों के निकालने की तुलना राकेट साइंस से भी कर सकते हैं जिसमें कुशल और प्रतिभाशाली लोगों की आवश्यकता पड़ती है।

आप अस्थायी भौंहें बनवाने के लिए अनुभवी मेकअप आर्टिस्ट और ब्यूटिशियन के पास जा सकती हैं। अगर आप इस तकनीक का प्रयोग करने वाले किसी बड़े आर्टिस्ट को चुनती हैं तो आप अपने मन मुताबिक़ भौंहें उससे बनवा सकती हैं।

भौंहों को सही आकार देने के नुस्खे

अस्थायी भौंहें पाने के कदम (Steps in getting semi permanent eyebrows)

1. एक कॉस्मेटिक पेंसिल द्वारा भौंहों को दुबारा बनवाना

2. भौंहों के आकार के बारे में सोचना

3. अगर आकार सही न हो तो उसे बदलने के लिए कहना

4. टैटू बनाने की प्रक्रिया की मदद से अस्थायी रंग लगाना

5. फेदरिंग की प्रक्रिया की मदद से भौंहों के हर बाल में रंग भरना

6. भौंहों का ऐसा पैटर्न बनाना जो प्राकृतिक भौंहों की तरह दिखता हो

7. अस्थायी भौंहों की डिजाइनिंग स्टेंसिल्स से न बनाएं।

अस्थायी रूप से बनाए गए भौंहों का इलाज (Solution for temporary drawn eyebrows)

अगर आप रोज़ाना अपनी भौंहें बनाती हैं तथा इससे ऊब गयी हैं तो अस्थायी भौंहें इसका इलाज हैं। यह वह समय है जब आप अपनी आइब्रो पेंसिल फेंक दें तथा अनुभवी व्यक्तियों को अपनी भौंहें बनाने के लिए कहें। अब अपनी भौंहों के मिट जाने की चिंता छोड़ दें और आराम से टोपी पहनें, बारिश में भीगें तथा तैरने जाएं।

चिमटी से बाल निकालना या ट्वीजिंग आपके चेहरे के लिए अच्छा है

अस्थायी भौंहों के लाभ (Advantage of semi permanent eyebrows)

यह तकनीक उन सभी मर्दों और औरतों के लिए लाभकारी है जिनके बाल काफी हलके रंग के हैं, जिसकी वजह से उनकी भौंहें / आईब्रो  काफी कम दिखती हैं। उनकी भौंहों के बाल भी अन्य व्यक्तियों की तुलना में काफी पतले होते हैं। कुछ लोगों को किसी आनुवांशिक बीमारी की वजह से भौंहों के झड़ने की समस्या का सामना करना पड़ता है। कुछ उपचारों जैसे कीमोथेरेपी तथा एलोपेसिया की वजह से भी ये समस्या आ सकती है। अस्थायी भौंहों की मदद से वे लोग भी नयी भौंहें पा सकते हैं, जिन्होंने कभी इसके बारे में सोचा भी नहीं होगा। कई बार किसी दुर्घटना की वजह से हुए घाव के कारण भी लोग अपनी भौंहों से हाथ धो बैठते हैं। पर अब चिंता मुक्त हो जाएं तथा स्वस्थ और प्राकृतिक भौंहें पाने के लिए अस्थायी भौंहों का प्रयोग करें।

अस्थाई भौंहें (Semi permanent eyebrows se eyebrows ke liye upay)

यह भौंहों की काफी प्रसिद्ध तकनीक है, जिसका प्रयोग आमतौर पर थिएटर (theatre) कलाकार तथा फिल्मों के सितारों द्वारा किया जाता है। आप इस ग्रूमिंग (grooming) की तकनीक के द्वारा भौंहों का आकर्षक एवं प्राकृतिक आकार प्राप्त कर सकती हैं। इसकी सहायता से आपको भौंहों को उगाने तथा उन्हें सही आकार में रखने से जुड़ा मार्गदर्शन प्राप्त होता है।

अस्थाई भौंहें पाने के तरीके (Ways of getting semi permanent eyebrows)

घर बैठे सुन्दर भौंहे पाने के उपाय

ऐसी कई तकनीकें आजकल बाज़ार में उपलब्ध हैं जो इस विधा को अच्छे से संपन्न करने के लिए काफी प्रचलन में हैं। एक अनुभवी तथा विशेषज्ञ मेकअप कलाकार या ब्यूटिशियन (makeup artist or beautician) आपकी भौंहों के आकार में काफी नाटकीय परिवर्तन करने की क्षमता रखता है। ऐसे कई लोग भी हैं जो विभिन्न तकनीकों वाले भौंहों के अलग अलग उपचार करवाते हैं, जिससे कि उन्हें अपनी भौंहों / आईब्रो के लिए मनचाहा परिणाम प्राप्त हो सके।

माइक्रोपिगमेंटेशन (Micro pigmentation)

यह एक तरह का अस्थाई मेकअप है, जो अस्थाई रूप से सौन्दर्य बढाने के लिए बनाए जाने वाले टैटू (tattoo) का एक भाग है, जिसका प्रयोग भौंहों को आकार देने तथा सुन्दर बनाने के लिए किया जाता है। हमारी त्वचा की सतह के नीचे छोटे छोटे रंजक तत्व (pigment) के अंश रहते हैं जो टैटू की तरह प्रतीत होते हैं। ये रंजक तत्व इसी तरह त्वचा की सतह पर कई सालों तक जमे रहते हैं और फिर समय के साथ ये धीरे धीरे टूटने लगते हैं और अंततः पूरी तरह गायब हो जाते हैं। आजकल के दौर में विशेषज्ञ लोगों ने माइक्रोपिगमेंटेशन की पुरानी तकनीकों में थोड़ा सा सुधार किया है। उन्होंने इसमें कई तरह के रंगों को शामिल किया है, जिनसे आपको काफी ज़्यादा प्राकृतिक स्वरुप प्राप्त होता है। इस तकनीक का प्रयोग करने के लिए लोगों को एक ख़ास तरह की प्रशिक्षण प्रक्रिया (training) से गुज़रना पड़ता है।

भौंहों को दोबारा बनाने की प्रक्रिया (Brow resurrection)

यह भौंहों में सजावट करने की एक नयी तकनीक है, जिसकी मदद से भौंहों को विभिन्न प्रकार के आकार प्रदान करने में सफलता पाई जा सकती है। यह तरीका ब्रोहौस (Browhaus) और उनके साथियों के द्वारा इजाद किया गया है, जिसके अंतर्गत भौंहों के असली बालों के अंश जड़ों से लेकर सिरे तक पूरी तरह निर्मित किये जाते हैं। इस उपचार के अंतर्गत प्राकृतिक दिखने वाले स्ट्रोक्स (strokes) के निर्माण के लिए एक ख़ास तकनीक का इस्तेमाल किया जाता है, जिनसे

भौंह स्टैंसिल क्या है?

भौंहों को अन्य अस्थाई भौंहों के उपचार की तुलना में एक महीन फिनिश (finish) की प्राप्ति होती है। इसमें भौंहों में अस्थाई स्याही कुशल एवं निपुण तकनीकी विशेषज्ञों के द्वारा छोटे बालों के आकार के स्ट्रोक्स के रूप में भरी जाती है। यह एक काफी महँगी प्रक्रिया है, परन्तु इसका असर करीब दो सालों तक रहता है। यह प्रक्रिया भौंहों के आकार को बनाने से शुरू होती है और फिर एक सुन्न करने वाली क्रीम (cream) की मदद से प्रभावित भाग को सुन्न कर दिया जाता है। इसके बाद भौंहों के नीचे के तरफ की त्वचा में एक ख़ास औज़ार की मदद से छोटे एवं बालों के आकार के चीरे लगाए जाते हैं। इन हलके चीरों को इसके बाद प्राकृतिक वेजिटेबल डाई (vegetable dye) से भरा जाता है, जो भौंहों की आर्च (arch) से मेल खिलाने या उनका रंग गहरा करने के काम में प्रयोग में लाया जाता है। इस पूरी प्रक्रिया में करीबन एक घंटे का समय लगता है। इस प्रक्रिया के बाद थोड़े से साइड इफ़ेक्ट (side effect) भी नज़र आते हैं, जैसे प्रभावित भाग में सूजन तथा नरमाहट का भाव। कई लोगों को इस प्रक्रिया में प्रयुक्त वेजिटेबल डाई की वजह से एलर्जी (allergy) का भी सामना करना पड़ता है, हालांकि ये डाई जैविक होती है। अगर आप बेहतरीन भौंहें पाना चाहती हैं, तो इसके लिए आपको दो महीने के बाद एक ट्यून अप या टच अप उपचार (tune up or touch-up treatment) करवाने की भी आवश्यकता होगी।

भौंहों / आई ब्रो की सजावट (Eyebrow embroidery se eyebrow kaise kare)

इसे सौन्दर्य टैटू, अस्थाई मेकअप, पिगमेंट एम्ब्रॉयडरी (pigment embroidery) या भौंहों की 3 डी एम्ब्रायडरी (D eyebrow embroidery) के रूप में भी जाना जाता है। यह एक अस्थाई रंजक तत्व है, जिसे एक ब्लेड (blade) के द्वारा त्वचा की परत के अन्दर घुसाया जाता है। यह दिखने में प्राकृतिक बालों की बढ़त जैसा ही लगता है और आपकी भौंहों को प्राकृतिक दिखने में मदद करता है। इस प्रक्रिया में टैटू गन (tattoo gun) या स्याही की ज़रुरत नहीं पड़ती।

Subscribe to Blog via Email

Get Hindi tips to your inbox everyday